Punjab

सुप्रीम कोर्ट ने शर्मिला टैगोर को आवारा कुत्तों पर फटकारा

आज शुक्रवार, 9 जनवरी 2026 सुप्रीम कोर्ट में आवारा कुत्तों के प्रबंधन को लेकर जारी सुनवाई के दौरान अभिनेत्री शर्मिला टैगोर के तर्कों पर अदालत ने कड़ी टिप्पणी की है। कोर्ट ने टैगोर के पक्ष में पेश किए गए तर्कों को “वास्तव से पूरी तरह अलग” बताते हुए उन्हें वास्तविकता से परे बताया।

टैगोर की तरफ से दलील दी गई कि आवारा कुत्तों के मुद्दे पर “एक ही समाधान सभी के लिए” लागू नहीं किया जाना चाहिए और सभी कुत्ते खतरा नहीं हैं। उनके वकील ने उदाहरण के तौर पर AIIMS कैंपस में लंबे समय से रहने वाले दोस्ताना कुत्ते का हवाला भी दिया।

लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने इस उदाहरण को खारिज करते हुए कहा कि अस्पताल जैसे संवेदनशील स्थानों पर आवारा कुत्तों की मौजूदगी गंभीर स्वास्थ्य और सुरक्षा जोखिम पैदा कर सकती है, और ऐसे दावों को “अस्पतालों में कुत्तों का महिमामंडन” बताया। कोर्ट ने सुझाव दिया कि दुनिया के छोटे देशों के मॉडल को भारत पर लागू करना व्यावहारिक नहीं है।

अदालत ने स्पष्ट किया कि उसने सभी आवारा कुत्तों को सड़कों से हटाने का कोई blanket आदेश नहीं दिया है, और सुनवाई 13 जनवरी तक आगे बढ़ा दी है

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *