छोटी सी गलती और खाता खाली बैंक अकाउंट में सेंध लगाने का नया तरीका, अब तो ओटीपी भी नहीं मांग रहे ठग,

वंदे भारत 24 छोटी सी गलती और खाता खाली बैंक अकाउंट में सेंध लगाने का नया तरीका, अब तो ओटीपी भी नहीं मांग रहे ठग, डिजिटल सेंधमारी और ऑनलाइन धोखाधड़ी इस कदर बढ़ रही है कि लोगों में अब डर समाने लगा है. स्कैमर्स ऐसे-ऐसे तरीके खोजकर ला रहे जिसमें कोई भी आसानी से फंस सकता है. आलम ये है कि अब तो बिना ओटीपी के भी आपका खाता खाली करने की तकनीक खोज ली गई है. हम आपको कुछ ऐसे तरीकों के बारे में बता रहे हैं, जो स्कैमर्स इस्तेमाल करते हैं. आप अगर सावधानी बरतेंगे तो इनके जाल में आने से बच सकते हैं.

नए तरीके में बैंक से लिंक आपके यूपीआई खाते को टारगेट किया जा रहा है. कई लोगों के साथ हो चुके ऐसे वाकये को आपके लिए भी जानना जरूरी है ताकि आप इसका शिकार न हो. अगर कोई भी अनजान व्यक्ति आपसे फोन पर इस तरह का काम करने को कहे तो तुरंत फोन काट दें और नंबर को रिपोर्ट कर दें. इससे आप खुद को तो सुरक्षित तो करेंगे ही और भी लोगों की मदद कर पाएंगे.
इसे एक उदाहरण से समझते हैं. यह सत्य घटना पर आधारित है बस नाम बदल दिया गया है. राहुल नाम के एक 25 वर्षीय युवक ने XYZ शॉपिंग वेबसाइट से अपने लिए 30 हजार रुपये का फोन ऑर्डर किया. फोन को 17 मई को डिलीवर होना था लेकिन राहुल के पास 16 मई को एक कॉल आया और कॉल करने वाले शख्स ने खुद को XYZ कंपनी का कस्टमर केयर बताया. इसके बाद उसने राहुल को उसके सामान की डिटेल वगैरह बताई और कहा कि उसे एडेरस कंफर्म करना है.
हालांकि, राहुल पहले ही अपना एडरेस शॉपिंग वेबसाइट पर डाल चुका था. इसलिए अब उस शक और पुख्ता हो गया कि यह किसी ठग का ही कॉल है. राहुल ने बात जारी रखी और ठग ने कहा कि आपको एक लिंक भेजा जा रहा है उस पर क्लिक करके एडरेस कंफर्म करना है. जब राहुल ने उस पर क्लिक किया तो एक यूपीआई पेमेंट गेटवे खुल गया. इसमें उसके बैंक की डिटेल मांगी गई थी. राहुल ने जब इसके बारे में ठग से पूछा तो उसने कहा कि एडरेस कंफर्म करने के लिए राहुल को पहले 5 रुपये की पेमेंट करनी होगी. जाहिर तौर पर अगर बैंक डिटेल डाल दी जाती तो बैंक खाता खाली हो जाता.
