गोवा के मुख्यमंत्री का बयान: मैजिस्ट्रियल जांच के आदेश
अरपोरा में हुई भीषण आग की घटना ने पूरे गोवा को झकझोर कर रख दिया है। इस दिल दहला देने वाली दुर्घटना में 25 लोगों की मृत्यु हो गई, जिसके बाद प्रदेश में शोक और आक्रोश का माहौल बना हुआ है। घटना स्थल का निरीक्षण करने पहुंचे गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने कहा कि राज्य के पर्यटन इतिहास में इस तरह की भयावह घटना पहली बार देखी गई है। उन्होंने इसे “बहुत बड़ी दुर्घटना” बताते हुए कहा कि इस त्रासदी से राज्य प्रशासन और स्थानीय लोगों को गहरा आघात पहुंचा है।
मुख्यमंत्री सावंत ने बताया कि प्रारंभिक रिपोर्टों के आधार पर मौतों की संख्या 25 तक पहुंच चुकी है, जबकि कुछ लोग घायल भी हुए हैं जिनका इलाज जारी है। उन्होंने कहा कि इस घटना की मैजिस्ट्रियल जांच के आदेश दे दिए गए हैं ताकि यह स्पष्ट हो सके कि आग लगने के पीछे क्या कारण थे और इसमें किसकी लापरवाही शामिल है। उन्होंने आश्वासन दिया कि जांच निष्पक्ष और पारदर्शी होगी तथा दोषी पाए जाने वालों पर कठोर कार्रवाई की जाएगी, चाहे वे किसी भी पद या जिम्मेदारी से जुड़े हों।
उन्होंने यह भी कहा कि राज्य सरकार पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी है और आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने के लिए सभी विभागों को निर्देशित कर दिया गया है। राहत और बचाव कार्यों के दौरान दमकल कर्मियों और स्थानीय लोगों द्वारा दिखाए गए साहस की भी उन्होंने सराहना की।
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि ऐसी घटनाओं को भविष्य में रोकने के लिए सुरक्षा मानकों की समीक्षा की जाएगी और जहां भी आवश्यकता होगी, नियमों को और कड़ा किया जाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि जांच के बाद सच्चाई सामने आएगी और पीड़ित परिवारों को न्याय मिल सकेगा।
इस दर्दनाक घटना ने एक बार फिर यह प्रश्न खड़ा कर दिया है कि पर्यटन स्थलों पर सुरक्षा मानकों का पालन किस हद तक सुनिश्चित किया जा रहा है। गोवा सरकार अब इस दिशा में गंभीर कदम उठाने की तैयारी में दिखाई दे रही है।

