शराब समझकर मेथनॉल पीने से मौत, केबिन बना मौत का फंदा
16..jan..कड़ाके की ठंड में शरीर गर्म रखने के लिए शराब पीना दो लोगों की जान पर भारी पड़ गया। ड्राइवर और कंडक्टर की लाशें बस के केबिन में मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। शुरुआती जांच में सामने आया है कि दोनों ने शराब समझकर मेथनॉल (औद्योगिक अल्कोहल) पी लिया, जिससे उनकी मौत हो गई।
घटना बस स्टैंड के पास खड़ी एक निजी बस की है। सुबह जब सफाईकर्मी बस के पास पहुंचे तो केबिन का दरवाजा अंदर से बंद मिला। काफी देर तक कोई हलचल न होने पर पुलिस को सूचना दी गई। दरवाजा तोड़कर अंदर देखा गया तो ड्राइवर और कंडक्टर मृत अवस्था में पड़े थे। दोनों के मुंह से झाग निकल रहा था, जिससे जहरीली शराब या रासायनिक पदार्थ पीने की आशंका गहराई।
केबिन के अंदर और पास से कुछ बोतलें बरामद हुईं। जांच में पता चला कि इन बोतलों में मेथनॉल था, जिसे आम तौर पर पेंट, वार्निश या औद्योगिक कामों में इस्तेमाल किया जाता है। माना जा रहा है कि ठंड से बचने के लिए दोनों ने इसे शराब समझकर पी लिया।
डॉक्टरों के मुताबिक मेथनॉल बेहद खतरनाक होता है। थोड़ी सी मात्रा भी शरीर के लिए जानलेवा साबित हो सकती है। इसे पीने से पहले सिरदर्द, उल्टी, चक्कर और नजर कमजोर होने जैसे लक्षण दिखते हैं, लेकिन समय पर इलाज न मिले तो व्यक्ति की मौत हो जाती है।
पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि मेथनॉल उन्हें कहां से मिला और क्या किसी ने जानबूझकर इसे शराब बताकर दिया था।
इस घटना ने एक बार फिर जहरीली शराब और रासायनिक पदार्थों की खुलेआम बिक्री पर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासन से मांग की जा रही है कि ऐसे खतरनाक पदार्थों की बिक्री पर सख्त निगरानी रखी जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की दर्दनाक घटनाओं को रोका जा सके।

