शादी छोड़ इलाज करने लगी दुल्हन, पहले बेहोश महिला को ठीक किया फिर लिए फेरे
शादी का मंडप, सजी-धजी दुल्हन, शहनाइयों की गूंज और मेहमानों की भीड़—इसी बीच अचानक एक महिला बेहोश होकर गिर पड़ी। अफरा-तफरी मच गई, लेकिन इसी माहौल में दुल्हन ने जो किया, वह इंसानियत और कर्तव्य की मिसाल बन गया। दुल्हन ने बिना एक पल गंवाए अपनी शादी की रस्में रोक दीं और तुरंत उस बेहोश महिला के इलाज में जुट गई।
दरअसल, दुल्हन पेशे से डॉक्टर है। जैसे ही उसने महिला की हालत देखी, उसने अपने मेडिकल ज्ञान का इस्तेमाल करते हुए प्राथमिक उपचार शुरू कर दिया। महिला की नब्ज, सांस और ब्लड प्रेशर की जांच की गई। दुल्हन ने लोगों से जरूरी दवाएं और पानी मंगवाया, महिला को सही पोजिशन में लिटाया और कुछ ही देर में उसकी हालत में सुधार आने लगा। होश में आते ही महिला ने राहत की सांस ली, वहीं मौजूद लोग दुल्हन के इस कदम को देखकर भावुक हो उठे।
इलाज के दौरान दुल्हन के चेहरे पर न घबराहट थी, न ही जल्दबाजी—बस एक डॉक्टर का फर्ज साफ झलक रहा था। जब महिला की हालत पूरी तरह स्थिर हो गई और उसे अस्पताल ले जाने की जरूरत नहीं पड़ी, तब दुल्हन ने चैन की सांस ली। इसके बाद उसने फिर से शादी की रस्मों में भाग लिया।
दुल्हन के इस कदम की हर तरफ सराहना हो रही है। परिवारजनों और मेहमानों ने कहा कि ऐसी दुल्हन मिलना सौभाग्य की बात है, जो अपने सबसे खास दिन पर भी इंसानियत को सबसे ऊपर रखती है। यह घटना बताती है कि सच्चा पेशेवर वही होता है, जो हर हाल में अपने कर्तव्य को प्राथमिकता दे।

