केजरीवाल सरकार का बढ़ा BP, संसद में सोमवार को पेश होगा दिल्ली अध्यादेश बिल
वंदे भारत– दिल्ली अध्यादेश को लेकर बड़ा अपडेट आ रहा है। दिल्ली अध्यादेश से जुड़े बिल को संसद के मानसून सत्र में आगामी सोमवार को पेश किया जाएगा। ऐसे में देशभर की नजर इस अध्यादेश पर बनी हुई है।
दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल ने हाल ही में हुई विपक्ष की बैठक में अध्यादेश के खिलाफ समर्थन मांगा था। ज्यादातर विपक्षी दल इस अध्यादेश के खिलाफ हैं। ऐसे में ये बड़ा सवाल बन गया है कि क्या यह अध्यादेश संसद में पास हो पाएगा या फिर नहीं।

19 मई को जारी किया गया था अध्यादेश
बता दें कि पीएम मोदी (PM Modi) की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय मंत्रिमंडल बैठक में 25 जुलाई को इस बिल को मंजूरी दे दी गई थी। इसके बाद कहा गया था कि इस बिल को कभी भी संसद में पेश किया जा सकता है। बिल को कैबिनेट से मंजूरी मिलने के अगले ही दिन ऐलान कर दिया गया है कि इस बिल को सोमवार यानी 31 जुलाई को लोकसभा में पेश किया जाएगा। केंद्र सरकार ने 19 मई को इस अध्यादेश को दिल्ली में जारी किया था।

अध्यादेश के खिलाफ CM केजरीवाल ने मांगा था समर्थन
केंद्र सरकार ने इस अध्यादेश के तहत कहा था कि राष्ट्रीय राजधानी लोक सेवा प्रधिकरण नाम का एक प्राधिकरण होगा, जो उसे प्रदान की गई शक्तियों का उपयोग करेगा। इस अध्यादेश के आने के बाद से ही दिल्ली की राजनीति चरम सीमा पर पहुंच गई। सीएम केजरीवाल ने इस अध्यादेश के लागू होने के बाद देशभर के दिग्गज नेताओं से मुलाकात की थी और संसद में इसके खिलाफ वोट करने के लिए गुजारिश की थी। इस दौरान ज्यादातर नेताओं ने कहा कि हम इस अध्यादेश का विरोध करते हैं। ये लोगों के हित के खिलाफ है। हालांकि देश की दूसरी सबसे बड़ी पार्टी कांग्रेस ने शुरूआत में अध्यादेश के खिलाफ केजरीवाल सरकार का समर्थन नहीं किया था, लेकिन बाद में कांग्रेस भी अध्यादेश को काला कानून बताकर केजरीवाल सरकार के पक्ष में आ गई है।
