Canada PGWP Rejection: 1000 भारतीय छात्र संकट में, पंजाब के सैकड़ों छात्रों का भविष्य अधर में
Canada PGWP Rejection का मामला इन दिनों कनाडा में रह रहे भारतीय छात्रों के लिए बड़ी चिंता का विषय बन गया है। पोस्ट-ग्रेजुएशन वर्क परमिट (PGWP) के आवेदन खारिज होने के बाद करीब 1000 भारतीय छात्र गंभीर संकट का सामना कर रहे हैं। इनमें लगभग 500 छात्र पंजाब से हैं। पिछले तीन सप्ताह से ये छात्र अल्बर्टा के कैलगरी में लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। खराब मौसम, बारिश और तेज धूप के बावजूद छात्र अपनी मांगों को लेकर डटे हुए हैं और कनाडा सरकार से अपने भविष्य को सुरक्षित करने की अपील कर रहे हैं।
Canada PGWP Rejection क्या है?

Canada PGWP Rejection उस स्थिति को दर्शाता है जब पोस्ट-ग्रेजुएशन वर्क परमिट (PGWP) के लिए किए गए आवेदन को कनाडा की इमिग्रेशन अथॉरिटी द्वारा अस्वीकार कर दिया जाता है। यह परमिट अंतरराष्ट्रीय छात्रों को अपनी पढ़ाई पूरी करने के बाद कनाडा में काम करने का अवसर देता है।
प्रदर्शन कर रहे छात्रों का कहना है कि उन्होंने कनाडा के नियमों के अनुसार लाखों रुपये खर्च कर पढ़ाई पूरी की। लेकिन अब संबंधित कॉलेजों या पाठ्यक्रमों को गैर-मान्य (Non-Credible) बताकर उनके PGWP आवेदन खारिज किए जा रहे हैं। इससे हजारों छात्रों के करियर और भविष्य पर गंभीर संकट खड़ा हो गया है।
छात्रों ने लगाए गंभीर आरोप
प्रदर्शन कर रहे छात्रों का आरोप है कि जिन नियमों के तहत उन्होंने कॉलेजों में प्रवेश लिया था, उसी आधार पर उन्होंने अपनी शिक्षा पूरी की। अब अचानक नियमों की नई व्याख्या कर उनके आवेदन अस्वीकार किए जा रहे हैं।
कई छात्रों ने मानसिक तनाव और डिपोर्टेशन के डर की भी बात कही। उनका कहना है कि उनके परिवारों ने भारी कर्ज लेकर उन्हें विदेश भेजा था। पढ़ाई पूरी होने के बाद उन्हें कनाडा में काम करने का अवसर मिलना चाहिए था, लेकिन अब उनका भविष्य अनिश्चित हो गया है।
अल्बर्टा सरकार का क्या कहना है?
अल्बर्टा की प्रीमियर डेनियल स्मिथ ने कहा कि वह ऐसे कॉलेजों को सही तरीके से फंडिंग देने वाले संस्थान नहीं मानतीं, जो छात्रों को स्थायी निवास (PR) मिलने की संभावनाओं को लेकर बढ़ा-चढ़ाकर दावे करते हैं।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जिन लोगों के पास वैध इंटरनेशनल स्टूडेंट स्टेटस, वर्क परमिट या स्थायी निवास (PR) नहीं होगा, उन्हें कनाडा के आव्रजन नियमों के अनुसार देश छोड़ना पड़ सकता है।
छात्रों की प्रमुख मांगें
Canada PGWP Rejection से प्रभावित छात्रों का कहना है कि उन्होंने कनाडा के सभी नियमों का पालन करते हुए अपनी पढ़ाई पूरी की है। इसलिए सरकार को उनके मामलों की निष्पक्ष समीक्षा करनी चाहिए।
छात्रों की मुख्य मांगें हैं:
- PGWP आवेदन दोबारा समीक्षा किए जाएं।
- पढ़ाई पूरी कर चुके छात्रों को राहत दी जाए।
- पहले से लागू नियमों के आधार पर फैसला लिया जाए।
- प्रभावित छात्रों को डिपोर्टेशन से सुरक्षा दी जाए।
- भविष्य में ऐसे मामलों के लिए स्पष्ट नीति बनाई जाए।
भारतीय छात्रों और परिवारों पर बढ़ता आर्थिक दबाव
इस पूरे मामले का सबसे अधिक असर भारतीय छात्रों और उनके परिवारों पर पड़ा है। अधिकांश परिवारों ने शिक्षा के लिए बैंक से लोन लिया या अपनी जमा पूंजी खर्च की। यदि छात्रों को वर्क परमिट नहीं मिलता है, तो उनके लिए रोजगार प्राप्त करना कठिन हो जाएगा और कर्ज चुकाना भी चुनौती बन सकता है।
विशेष रूप से पंजाब से बड़ी संख्या में छात्र उच्च शिक्षा के लिए कनाडा जाते हैं। ऐसे में Canada PGWP Rejection का यह मामला हजारों परिवारों के लिए चिंता का विषय बन गया है।
आगे क्या हो सकता है?
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि कनाडा सरकार इस मुद्दे पर जल्द समाधान नहीं निकालती, तो विरोध प्रदर्शन और तेज हो सकते हैं। प्रभावित छात्र चाहते हैं कि सरकार उनके मामलों की व्यक्तिगत समीक्षा करे और उन छात्रों को राहत दे जिन्होंने नियमों के अनुसार अपनी पढ़ाई पूरी की है।
फिलहाल सभी की नजर कनाडा सरकार और इमिग्रेशन विभाग के अगले फैसले पर टिकी हुई है। यदि समाधान नहीं निकला, तो हजारों भारतीय छात्रों का भविष्य और उनके परिवारों की आर्थिक स्थिति दोनों गंभीर संकट में आ सकते हैं।

