फगवाड़ा आवारा कुत्ता हमला: मॉडल टाउन में अखबार बांट रहे युवक पर किया हमला, CCTV में कैद हुई घटना

फगवाड़ा आवारा कुत्ता हमला एक बार फिर शहर में बढ़ते स्ट्रे डॉग्स के आतंक को उजागर करता है। फगवाड़ा के मॉडल टाउन इलाके में सुबह अखबार बांट रहे एक युवक पर आवारा कुत्ते ने अचानक हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना वहां लगे सीसीटीवी कैमरे में भी रिकॉर्ड हो गई। घायल युवक को स्थानीय लोगों की मदद से तुरंत सिविल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसका इलाज किया गया और एंटी-रेबीज इंजेक्शन लगाए गए।
बताया जा रहा है कि यह पहली बार नहीं है। करीब तीन महीने पहले भी इसी युवक पर आवारा कुत्तों ने हमला किया था। लगातार हो रही ऐसी घटनाओं से स्थानीय लोगों में डर का माहौल है और प्रशासन से ठोस कार्रवाई की मांग तेज हो गई है।
फगवाड़ा आवारा कुत्ता हमला कैसे हुआ?
जानकारी के अनुसार, राहुल कुमार निवासी चाचोकी रोजाना की तरह सुबह करीब 9 बजे मॉडल टाउन स्थित श्री गीता भवन मंदिर के आसपास घर-घर अखबार वितरित कर रहे थे।
इसी दौरान वह अपनी साइकिल से अखबार निकाल रहे थे कि अचानक पीछे से आए एक आवारा कुत्ते ने उनकी टांग पर हमला कर दिया। कुत्ते ने उनकी टांग को बुरी तरह काट लिया, जिससे राहुल गंभीर रूप से घायल हो गए।
हमले के बाद राहुल दर्द से चिल्लाने लगे, जिसके बाद आसपास मौजूद लोग उनकी मदद के लिए दौड़े और कुत्ते को वहां से भगाया।
CCTV में कैद हुई पूरी घटना
फगवाड़ा आवारा कुत्ता हमला की पूरी घटना इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हो गई।
वीडियो में साफ दिखाई देता है कि राहुल अपनी साइकिल से अखबार निकाल रहे हैं। तभी एक आवारा कुत्ता पीछे से आता है और बिना किसी उकसावे के उनकी टांग पर हमला कर देता है।
कुछ सेकंड तक हमला करने के बाद कुत्ता वहां से भाग जाता है। घटना का वीडियो सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में चिंता और नाराजगी बढ़ गई है।
अस्पताल में हुआ इलाज
घटना के तुरंत बाद स्थानीय लोगों ने घायल राहुल कुमार को सिविल अस्पताल फगवाड़ा पहुंचाया।
डॉक्टरों ने उनकी चोटों का इलाज किया और एहतियात के तौर पर एंटी-रेबीज इंजेक्शन सहित आवश्यक चिकित्सा दी। फिलहाल उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।
चिकित्सकों ने उन्हें कुछ दिनों तक सावधानी बरतने और नियमित उपचार जारी रखने की सलाह दी है।
तीन महीने पहले भी हुआ था हमला
फगवाड़ा आवारा कुत्ता हमला का यह पहला मामला नहीं है। राहुल कुमार ने बताया कि करीब तीन महीने पहले भी उन पर आवारा कुत्तों ने हमला किया था।
बार-बार हो रही ऐसी घटनाओं ने उनके साथ-साथ इलाके के अन्य लोगों की भी चिंता बढ़ा दी है। सुबह मॉर्निंग वॉक करने वाले, स्कूली बच्चे, बुजुर्ग और अखबार वितरित करने वाले लोग खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।
एनजीओ संचालक ने उठाई कार्रवाई की मांग
एनजीओ संचालक गौरव रत्ती ने बताया कि राहुल उनकी संस्था में भी काम करते हैं। सुबह वह अखबार वितरित करते हैं और बाद में सीट कवर की दुकान पर कार्य करते हैं।
उन्होंने कहा कि तीन महीने के भीतर राहुल पर दूसरी बार हमला हुआ है, जो प्रशासन की लापरवाही को दर्शाता है।
गौरव रत्ती ने सरकार और नगर निगम से मांग की कि—
- आवारा कुत्तों की संख्या नियंत्रित करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाए।
- शिकायत दर्ज कराने के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किया जाए।
- संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित निगरानी की जाए।
- लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ठोस कदम उठाए जाएं।
स्थानीय लोगों में बढ़ रही चिंता
फगवाड़ा आवारा कुत्ता हमला जैसी घटनाओं के बाद मॉडल टाउन और आसपास के क्षेत्रों में रहने वाले लोगों ने प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
लोगों का कहना है कि कई बार शिकायतें करने के बावजूद आवारा कुत्तों की समस्या जस की तस बनी हुई है। यदि समय रहते समाधान नहीं किया गया तो भविष्य में और गंभीर हादसे हो सकते हैं।
फगवाड़ा आवारा कुत्ता हमला एक गंभीर चेतावनी है कि शहर में बढ़ते आवारा कुत्तों की समस्या को अब नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। एक ही व्यक्ति पर तीन महीने में दो बार हमला होना प्रशासन के लिए चिंता का विषय है। स्थानीय लोगों का कहना है कि केवल अस्थायी उपायों से काम नहीं चलेगा, बल्कि स्थायी और प्रभावी योजना बनाकर इस समस्या का समाधान करना होगा ताकि नागरिक सुरक्षित माहौल में रह सकें।
